सागर । बुंदेलखंड चिकित्सा महाविद्यालय सागर में समाजोपयोगी और प्रेरणादायी कार्यों की शृंखला में दो पृथक-पृथक अनुकरणीय मामले सामने आए हैं, जहां शोक संतप्त परिवारों ने नेत्रदान और देहदान का निर्णय लेकर समाज के समक्ष आदर्श प्रस्तुत किया है।

*शांति सदन बाहुबली कॉलोनी से हुआ नेत्रदान*
शहर के बाहुबली कॉलोनी स्थित ‘शांति सदन’ निवासी श्रीमती शांति बाई जैन (90 वर्ष) का निधन 3 सितंबर को निज निवास पर हुआ। निधन के पश्चात परिजनों ने डॉ. आजाद जैन के माध्यम से बीएमसी के नेत्र रोग विभाग से संपर्क किया। विभागाध्यक्ष डॉ. प्रवीण खरे के निर्देशन में आई बैंक टीम ने तत्काल आवास पर पहुंचकर सभी आवश्यक जांच एवं परिजनों की सहमति के उपरांत सावधानियों के साथ कॉर्निया सुरक्षित प्राप्त किया। कॉर्निया की उपयुक्तता की जांच के बाद उसे सुरक्षित रूप से आई बैंक में रखवाया गया। डॉ. प्रवीण खरे ने इस पुनीत कार्य हेतु दिवंगत के परिजनों—जिनेंद्र जैन, नरेंद्र जैन, मनोज जैन, देवेंद्र जैन एवं रामवती जैन का आभार व्यक्त किया। आई बैंक टीम में डॉ. नीलम, डॉ. शिवानी, डॉ. सौम्या, डॉ. हर्षिता, नर्सिंग स्टाफ राम-लखन एवं पैरामेडिकल स्टाफ की सक्रिय सहभागिता रही।
*स्व. श्रीमती अनीता जैन का देहदान, ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ के साथ सम्मान*
8 सितंबर को गोपालगंज निवासी स्व. श्रीमती अनीता जैन (62 वर्ष) के निधन उपरांत उनके परिजनों द्वारा पार्थिव शरीर को शिक्षण, प्रशिक्षण एवं चिकित्सा अनुसंधान हेतु बीएमसी के एनाटॉमी विभाग को समर्पित किया गया।
महाविद्यालय प्रशासन द्वारा परिजनों की इच्छानुसार देह को ससम्मान स्वीकार किया गया। शासकीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप महाविद्यालय में संपन्न यह 13वां देहदान था, जिसे पूर्ण प्रशासनिक प्रक्रिया एवं ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ देकर सम्मानित किया गया।

*शांति सदन बाहुबली कॉलोनी से हुआ नेत्रदान*
शहर के बाहुबली कॉलोनी स्थित ‘शांति सदन’ निवासी श्रीमती शांति बाई जैन (90 वर्ष) का निधन 3 सितंबर को निज निवास पर हुआ। निधन के पश्चात परिजनों ने डॉ. आजाद जैन के माध्यम से बीएमसी के नेत्र रोग विभाग से संपर्क किया। विभागाध्यक्ष डॉ. प्रवीण खरे के निर्देशन में आई बैंक टीम ने तत्काल आवास पर पहुंचकर सभी आवश्यक जांच एवं परिजनों की सहमति के उपरांत सावधानियों के साथ कॉर्निया सुरक्षित प्राप्त किया। कॉर्निया की उपयुक्तता की जांच के बाद उसे सुरक्षित रूप से आई बैंक में रखवाया गया। डॉ. प्रवीण खरे ने इस पुनीत कार्य हेतु दिवंगत के परिजनों—जिनेंद्र जैन, नरेंद्र जैन, मनोज जैन, देवेंद्र जैन एवं रामवती जैन का आभार व्यक्त किया। आई बैंक टीम में डॉ. नीलम, डॉ. शिवानी, डॉ. सौम्या, डॉ. हर्षिता, नर्सिंग स्टाफ राम-लखन एवं पैरामेडिकल स्टाफ की सक्रिय सहभागिता रही।
*स्व. श्रीमती अनीता जैन का देहदान, ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ के साथ सम्मान*
8 सितंबर को गोपालगंज निवासी स्व. श्रीमती अनीता जैन (62 वर्ष) के निधन उपरांत उनके परिजनों द्वारा पार्थिव शरीर को शिक्षण, प्रशिक्षण एवं चिकित्सा अनुसंधान हेतु बीएमसी के एनाटॉमी विभाग को समर्पित किया गया।
महाविद्यालय प्रशासन द्वारा परिजनों की इच्छानुसार देह को ससम्मान स्वीकार किया गया। शासकीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप महाविद्यालय में संपन्न यह 13वां देहदान था, जिसे पूर्ण प्रशासनिक प्रक्रिया एवं ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ देकर सम्मानित किया गया।
*देहदाता एवं परिजनों का विवरण:*
देहदाता: स्व. श्रीमती अनीता जैन (आयु 62 वर्ष)
सुनील जैन (पति), अकलंक जैन एवं निकलंक जैन (पुत्र)
इस दौरान क्षेत्रीय विधायक श्री शैलेंद्र जैन, बीएमसी के प्रभारी अधिष्ठाता डॉ. अमर गंगवानी, अस्पताल अधीक्षक डॉ. राजेश जैन, प्रभारी डीन डॉ अमर गंगवानी, डॉ. सौरभ जैन तथा एनाटॉमी विभागाध्यक्ष डॉ. सिद्धार्थ शंकर रॉय एवं समस्त स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे। विधायक शैलेंद्र जैन ने देहदाता के परिजनों के इस साहसिक एवं महान निर्णय की सराहना करते हुए पूरे परिवार के प्रति आभार जताया। चिकित्सा महाविद्यालय प्रबंधन ने परिजनों के इस उदात्त एवं अनुकरणीय कार्य के प्रति सदैव ऋणी रहने का संकल्प दोहराया।
