सागर। नगर निगम आयुक्त सह कार्यकारी निदेशक सागर स्मार्ट सिटी राजकुमार खत्री ने शुक्रवार को शहर के गोपालगंज क्षेत्र और परकोटा नाव मंदिर क्षेत्र का निरीक्षण किया। उन्होंने नगर निगम सीमा के भीतर गोपालगंज में संचालित डेयरियों पर पहुंचकर वस्तुस्थिति देखी और पशुओं के साथ ही रोड किनारे खाली प्लॉट पर गोबर का लगा ढेर देखकर सख्त नाराजगी दिखाते हुए उक्त डेयरी संचालक के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कहा की ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (SWM) नियम, 2026 के नियमानुसार शहर में किसी भी प्रकार की गंदगी फैलाने वालों पर भारी जुर्माना और आपराधिक प्रकरण दर्ज कराने का प्रावधान है उक्त नियमानुसार कार्यवाही सुनिश्चित करे निगम अमला।

उन्होंने कहा की सागर शहर पशु विचरण मुक्त शहर घोषित किया जा चुका है इसके तहत लगातार कार्यवाही कर पशु डेयरी शहर से बाहर की जा रही हैं। कुछ डेयरी संचालक शहर में डेयरी संचालित कर गोबर आदि वेस्ट फैलाकर गंदगी कर रहे हैं इन सभी पर कड़ी कार्यवाही करें। गोपालगंज क्षेत्र में डेयरी संचालित पाए जाने पर आयुक्त ने संबंधित डेयरी संचालकों सौरभ यादव एवं अखिलेश यादव पर 10-10 हजार का जुर्माना करने के निर्देश दिए। उक्त दोनों डेयरी संचालकों को तीन दिवस के भीतर अपनी डेयरियों को शहर से बाहर स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि निर्धारित समयावधि में डेयरी नहीं हटाए जाने पर नगर निगम द्वारा नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान निगमायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शहर में संचालित सभी डेयरियों का सतत निरीक्षण किया जाए तथा डेयरी संचालकों को डेयरी विस्थापन परियोजना हफसिली में आवंटित भूखंडों पर शीघ्र ही विस्थापित कराने की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि नगर निगम सीमा क्षेत्र को पशु विचरण मुक्त क्षेत्र घोषित किया जा चुका है, इसलिए शहर के भीतर डेयरी संचालन किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा। निगमायुक्त ने कहा कि शहर के अंदर डेयरी संचालन से सड़कों पर पशुओं का विचरण बढ़ता है, जिससे यातायात व्यवस्था प्रभावित होती है और दुर्घटनाओं की संभावना बनी रहती है साथ ही गंदगी भी फैलती है गोबर एवं अन्य अपशिष्ट के कारण स्वच्छता व्यवस्था पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है, जिससे आम नागरिकों को असुविधा का सामना करना पड़ता है। नगर निगम का उद्देश्य शहर को स्वच्छ, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित बनाए रखना है और इस दिशा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने डेयरी संचालकों से अपील करते हुए कहा कि वे नगर निगम द्वारा विकसित डेयरी विस्थापन परियोजना हफसिली में आवंटित अपने-अपने प्लॉट पर डेयरी स्थापित कर शासन एवं नगर निगम के निर्देशों का पालन करें। इससे डेयरी व्यवसाय भी व्यवस्थित रूप से संचालित होगा तथा शहर की स्वच्छता, यातायात व्यवस्था एवं नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने में सहयोग मिलेगा। निगमायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्धारित समयसीमा के बाद भी शहर में डेयरी संचालित पाए जाने पर संबंधित संचालकों के विरुद्ध चालानी कार्रवाई, जुर्माना तथा आवश्यक होने पर अन्य वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि नगर निगम द्वारा शहर को स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाने के लिए डेयरी विस्थापन अभियान निरंतर जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। भ्रमण के दौरान उपायुक्त, इंजीनियर, अतिक्रमण प्रभारी,जोन प्रभारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

उन्होंने कहा की सागर शहर पशु विचरण मुक्त शहर घोषित किया जा चुका है इसके तहत लगातार कार्यवाही कर पशु डेयरी शहर से बाहर की जा रही हैं। कुछ डेयरी संचालक शहर में डेयरी संचालित कर गोबर आदि वेस्ट फैलाकर गंदगी कर रहे हैं इन सभी पर कड़ी कार्यवाही करें। गोपालगंज क्षेत्र में डेयरी संचालित पाए जाने पर आयुक्त ने संबंधित डेयरी संचालकों सौरभ यादव एवं अखिलेश यादव पर 10-10 हजार का जुर्माना करने के निर्देश दिए। उक्त दोनों डेयरी संचालकों को तीन दिवस के भीतर अपनी डेयरियों को शहर से बाहर स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि निर्धारित समयावधि में डेयरी नहीं हटाए जाने पर नगर निगम द्वारा नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान निगमायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शहर में संचालित सभी डेयरियों का सतत निरीक्षण किया जाए तथा डेयरी संचालकों को डेयरी विस्थापन परियोजना हफसिली में आवंटित भूखंडों पर शीघ्र ही विस्थापित कराने की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि नगर निगम सीमा क्षेत्र को पशु विचरण मुक्त क्षेत्र घोषित किया जा चुका है, इसलिए शहर के भीतर डेयरी संचालन किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा। निगमायुक्त ने कहा कि शहर के अंदर डेयरी संचालन से सड़कों पर पशुओं का विचरण बढ़ता है, जिससे यातायात व्यवस्था प्रभावित होती है और दुर्घटनाओं की संभावना बनी रहती है साथ ही गंदगी भी फैलती है गोबर एवं अन्य अपशिष्ट के कारण स्वच्छता व्यवस्था पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है, जिससे आम नागरिकों को असुविधा का सामना करना पड़ता है। नगर निगम का उद्देश्य शहर को स्वच्छ, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित बनाए रखना है और इस दिशा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने डेयरी संचालकों से अपील करते हुए कहा कि वे नगर निगम द्वारा विकसित डेयरी विस्थापन परियोजना हफसिली में आवंटित अपने-अपने प्लॉट पर डेयरी स्थापित कर शासन एवं नगर निगम के निर्देशों का पालन करें। इससे डेयरी व्यवसाय भी व्यवस्थित रूप से संचालित होगा तथा शहर की स्वच्छता, यातायात व्यवस्था एवं नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने में सहयोग मिलेगा। निगमायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्धारित समयसीमा के बाद भी शहर में डेयरी संचालित पाए जाने पर संबंधित संचालकों के विरुद्ध चालानी कार्रवाई, जुर्माना तथा आवश्यक होने पर अन्य वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि नगर निगम द्वारा शहर को स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाने के लिए डेयरी विस्थापन अभियान निरंतर जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। भ्रमण के दौरान उपायुक्त, इंजीनियर, अतिक्रमण प्रभारी,जोन प्रभारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
