सागर । नगर में कला और संस्कृति के क्षेत्र में करीब 25 वर्षों से कार्यरत संस्था श्रुतिमुद्रा सांस्कृतिक समिति को भोपाल की संस्था ‘ तूलिका’ द्वारा सम्मानित किया गया। अवसर था रवींद्र भवन भोपाल में आयोजित तूलिका संस्था के वार्षिक महोत्सव का।

कार्यक्रम का शुभारंभ भोपाल की महापौर श्रीमती मालती राय , श्रुतिमुद्रा अध्यक्ष डॉ कविता शुक्ला एवं प्रदेश प्रभारी मीडिया श्रीमती स्वाति जैन ने दीप प्रज्वलित कर किया। तत्पश्चात मध्यप्रदेश की सभी NGO को एकजुट करने के लिए U-NGO (United NGO)के गठन का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया। महापौर ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि एकजुट होकर NGO समाज में बड़ा बदलाव ला सकती हैं। उस अवसर पर प्रदेश भर से 30 से अधिक NGO के लगभग 70 पदाधिकारी उपस्थित थे। कुछ प्रमुख संस्थाओं को उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित किया गया।
समापन में गायन और कथक प्रस्तुति ने समां बांध दिया।
कार्यक्रम का संचालन एवं आभार तूलिका अध्यक्ष विनीता श्रीवास्तव त्रिवेदी ने व्यक्त किया। इस अवसर पर उमाकांत मिश्र श्यामल संस्था, आदर्श संगीत महाविद्यालय, हिंदी लेखिका संघ, शाम्भवी क्रिएटिव फाउंडेशन, तुलसी साहित्य अकादमी, हिंदी साहित्य सृजन संघ , आर्ष परिषद्,पाठक मंच इत्यादि संस्थाओं के पदाधिकारियों ने डॉ कविता शुक्ला को बधाई प्रेषित की।

कार्यक्रम का शुभारंभ भोपाल की महापौर श्रीमती मालती राय , श्रुतिमुद्रा अध्यक्ष डॉ कविता शुक्ला एवं प्रदेश प्रभारी मीडिया श्रीमती स्वाति जैन ने दीप प्रज्वलित कर किया। तत्पश्चात मध्यप्रदेश की सभी NGO को एकजुट करने के लिए U-NGO (United NGO)के गठन का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया। महापौर ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि एकजुट होकर NGO समाज में बड़ा बदलाव ला सकती हैं। उस अवसर पर प्रदेश भर से 30 से अधिक NGO के लगभग 70 पदाधिकारी उपस्थित थे। कुछ प्रमुख संस्थाओं को उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित किया गया।
समापन में गायन और कथक प्रस्तुति ने समां बांध दिया।
कार्यक्रम का संचालन एवं आभार तूलिका अध्यक्ष विनीता श्रीवास्तव त्रिवेदी ने व्यक्त किया। इस अवसर पर उमाकांत मिश्र श्यामल संस्था, आदर्श संगीत महाविद्यालय, हिंदी लेखिका संघ, शाम्भवी क्रिएटिव फाउंडेशन, तुलसी साहित्य अकादमी, हिंदी साहित्य सृजन संघ , आर्ष परिषद्,पाठक मंच इत्यादि संस्थाओं के पदाधिकारियों ने डॉ कविता शुक्ला को बधाई प्रेषित की।
