सागर । कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल बंडा विकासखंड स्थित आचार्य विद्यासागर दयोदय गौशाला पहुंचीं, जहाँ उन्होंने गौशाला की व्यवस्थाओं का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पशु चिकित्सा एम्बुलेंस का लोकार्पण किया, पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया और गौ-सेवा के प्रति संवेदनशीलता प्रकट की।

गौशाला भ्रमण के दौरान कलेक्टर श्रीमती पाल ने आत्मीयता दर्शाते हुए गाय की बछिया को चारा खिलाया। विशेष रूप से, एक बिन माँ की छोटी बछिया की देखभाल करते हुए उन्होंने उसे बॉटल से दूध पिलाया। इसके साथ ही परिसर में पर्यावरण एवं पशु पोषण को ध्यान में रखते हुए मुनगा के पौधे तथा नेपियर घास का रोपण किया गया।
कलेक्टर ने हरी झंडी दिखाकर पशु चिकित्सा एम्बुलेंस का लोकार्पण किया। उन्होंने गौशाला परिसर में लगभग 2,200 निराश्रित गौवंश के आश्रय और प्रबंधन की सराहना की। सड़क दुर्घटनाओं में घायल होने वाले गौवंश के लिए बनाए गए अलग वार्ड की व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त करते हुए उन्होंने गौशाला समिति के संचालन की प्रशंसा की। गौशाला समिति द्वारा अतिरिक्त भूमि आवंटन के अनुरोध पर कलेक्टर ने प्रक्रिया अनुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने उपसंचालक पशुपालन एवं डेयरी विभाग को निर्देशित किया कि गौशाला की लंबित अनुदान राशि का त्वरित भुगतान सुनिश्चित किया जाए। गौशाला में साइलेज इकाई स्थापित करने के लिए विभाग को आवश्यक तकनीकी मार्गदर्शन देने के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर एसडीएम बंडा श्रीमती आरती यादव, तहसीलदार मोहित जैन, उपसंचालक पशुपालन डाॅ. डी.डी. चढ़ार तथा जिला नोडल अधिकारी (गौपालन समिति) बलराम सिंह ठाकुर सहित विभागीय अधिकारी और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

गौशाला भ्रमण के दौरान कलेक्टर श्रीमती पाल ने आत्मीयता दर्शाते हुए गाय की बछिया को चारा खिलाया। विशेष रूप से, एक बिन माँ की छोटी बछिया की देखभाल करते हुए उन्होंने उसे बॉटल से दूध पिलाया। इसके साथ ही परिसर में पर्यावरण एवं पशु पोषण को ध्यान में रखते हुए मुनगा के पौधे तथा नेपियर घास का रोपण किया गया।
कलेक्टर ने हरी झंडी दिखाकर पशु चिकित्सा एम्बुलेंस का लोकार्पण किया। उन्होंने गौशाला परिसर में लगभग 2,200 निराश्रित गौवंश के आश्रय और प्रबंधन की सराहना की। सड़क दुर्घटनाओं में घायल होने वाले गौवंश के लिए बनाए गए अलग वार्ड की व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त करते हुए उन्होंने गौशाला समिति के संचालन की प्रशंसा की। गौशाला समिति द्वारा अतिरिक्त भूमि आवंटन के अनुरोध पर कलेक्टर ने प्रक्रिया अनुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने उपसंचालक पशुपालन एवं डेयरी विभाग को निर्देशित किया कि गौशाला की लंबित अनुदान राशि का त्वरित भुगतान सुनिश्चित किया जाए। गौशाला में साइलेज इकाई स्थापित करने के लिए विभाग को आवश्यक तकनीकी मार्गदर्शन देने के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर एसडीएम बंडा श्रीमती आरती यादव, तहसीलदार मोहित जैन, उपसंचालक पशुपालन डाॅ. डी.डी. चढ़ार तथा जिला नोडल अधिकारी (गौपालन समिति) बलराम सिंह ठाकुर सहित विभागीय अधिकारी और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
