सागर। जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने, अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने तथा आमजन को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण पुलिस सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आज पुलिस कंट्रोल रूम, सागर में पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया की अध्यक्षता में जिले की व्यापक अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई।

बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जयवीर सिंह भदौरिया, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सोलंकी, जिले के समस्त राजपत्रित अधिकारी एवं सभी थाना प्रभारी उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक ने जिले के सभी थानों की कार्यप्रणाली की बिंदुवार समीक्षा करते हुए लंबित अपराधों के शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण, गंभीर प्रकरणों की वैज्ञानिक एवं समयबद्ध विवेचना, फरार एवं इनामी आरोपियों की गिरफ्तारी, स्थायी एवं गिरफ्तारी वारंटों की प्रभावी तामील, महिला एवं बाल अपराधों में त्वरित कार्रवाई, संगठित एवं आदतन अपराधियों पर कठोर वैधानिक कार्रवाई तथा कानून-व्यवस्था की सतत निगरानी के संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश दिए।
बैठक में जनसुनवाई एवं मुख्यमंत्री हेल्पलाइन से प्राप्त शिकायतों के समयबद्ध एवं संतोषजनक निराकरण, साइबर अपराधों की रोकथाम, अवैध मादक पदार्थों, अवैध शराब, जुआ, सट्टा एवं अन्य असामाजिक गतिविधियों के विरुद्ध सतत अभियान चलाने, रात्रि गश्त एवं कॉम्बिंग गश्त को और अधिक प्रभावी बनाने, संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित पुलिस उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा अपराधियों के विरुद्ध निरंतर अभियान चलाने पर विशेष बल दिया गया।
पुलिस अधीक्षक श्री सुजानिया ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक शिकायत एवं अपराध को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ लेते हुए पीड़ित-केंद्रित, संवेदनशील एवं पारदर्शी पुलिसिंग सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अपराधियों में कानून का भय उत्पन्न करने तथा आमजन में सुरक्षा एवं विश्वास का वातावरण मजबूत करना सागर पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक महोदय ने सभी अधिकारियों को टीम भावना के साथ कार्य करते हुए उत्कृष्ट पुलिसिंग, प्रभावी अपराध नियंत्रण एवं जनविश्वास को और अधिक सुदृढ़ करने के लिए प्रतिबद्ध रहने का आह्वान किया।

बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जयवीर सिंह भदौरिया, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सोलंकी, जिले के समस्त राजपत्रित अधिकारी एवं सभी थाना प्रभारी उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक ने जिले के सभी थानों की कार्यप्रणाली की बिंदुवार समीक्षा करते हुए लंबित अपराधों के शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण, गंभीर प्रकरणों की वैज्ञानिक एवं समयबद्ध विवेचना, फरार एवं इनामी आरोपियों की गिरफ्तारी, स्थायी एवं गिरफ्तारी वारंटों की प्रभावी तामील, महिला एवं बाल अपराधों में त्वरित कार्रवाई, संगठित एवं आदतन अपराधियों पर कठोर वैधानिक कार्रवाई तथा कानून-व्यवस्था की सतत निगरानी के संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश दिए।
बैठक में जनसुनवाई एवं मुख्यमंत्री हेल्पलाइन से प्राप्त शिकायतों के समयबद्ध एवं संतोषजनक निराकरण, साइबर अपराधों की रोकथाम, अवैध मादक पदार्थों, अवैध शराब, जुआ, सट्टा एवं अन्य असामाजिक गतिविधियों के विरुद्ध सतत अभियान चलाने, रात्रि गश्त एवं कॉम्बिंग गश्त को और अधिक प्रभावी बनाने, संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित पुलिस उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा अपराधियों के विरुद्ध निरंतर अभियान चलाने पर विशेष बल दिया गया।
पुलिस अधीक्षक श्री सुजानिया ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक शिकायत एवं अपराध को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ लेते हुए पीड़ित-केंद्रित, संवेदनशील एवं पारदर्शी पुलिसिंग सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अपराधियों में कानून का भय उत्पन्न करने तथा आमजन में सुरक्षा एवं विश्वास का वातावरण मजबूत करना सागर पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक महोदय ने सभी अधिकारियों को टीम भावना के साथ कार्य करते हुए उत्कृष्ट पुलिसिंग, प्रभावी अपराध नियंत्रण एवं जनविश्वास को और अधिक सुदृढ़ करने के लिए प्रतिबद्ध रहने का आह्वान किया।
