सागर । स्वच्छ भारत मिशन के तहत राष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 में सागर शहर को प्रथम स्थान पर लाने हेतु निगमायुक्त सह कार्यकारी निदेशक सागर स्मार्ट सिटी श्री राजकुमार खत्री के नेतृत्व में विभिन्न अभियानों के माध्यम से जनजागृति लाने और शहर को सब ओर से स्वच्छ सुंदर बनाने का प्रयास लगातार किया जा रहा है। शुक्रवार को निगमायुक्त श्री खत्री निगम अमले के साथ सुबह सुबह शहर की सफाई व्यवस्थाओं का जायजा लेने पहुँचे। उन्होंने सिविल लाइन, पीलीकोठी, दीनदयाल चौक, बस स्टैंड, तीन मढ़िया, परकोटा तीनबत्ती होते हुए राधा तिराहा से भगवानगंज और खुरई रोड का निरीक्षण किया।

उन्होंने सफाई व्यवस्था में लापरवाही बरतने वाले निगमकर्मियों पर कार्यवाही के निर्देश दिये साथ ही सड़क किनारे या नालों में पड़े कचरे से कचरा फेकने वालों की पहचान कराकर जुर्माने करायें। निगमायुक्त ने नवाचार कचरा खुद बोलेगा मैं किसका हूँ अभियान के तहत स्वयं खड़े होकर कचरे से फेकने वालों की पहचान कराई और उक्त लापरवाही बरतने वाले दुकान प्रतिष्ठान संचालकों पर एक-एक हजार रूपये का जुर्माना कर चालान कटवाया। कटरा तीन बत्ती पर आनी मेडिको तीनबत्ती, दीपचंद एंड संस मेडिकल कटरा, पारस फर्नीचर, साहूजी साईकिल सुभाष नगर सहित 5 दुकान संचालकों द्वारा कचरा सड़क और नाले में फेके जाने पर कचरे से पहचान की गई और कुल 5 हजार रूपये के जुर्माने किये गये। जुर्माने के साथ ही उक्त दुकान संचालकों से कचरा साफ कराया गया व आगे से इस प्रकार स्वच्छता के विरुद्ध व्यवहार न करने की हिदायत दी गई।
निगमायुक्त श्री खत्री ने कहा की आज का सागर स्वच्छता की दृष्टि से नवजागृति का सागर है। लोगों के स्वभाव में स्वच्छता को लेकर एक बड़ा बदलाव शहर में देखने मिल रहा है। आज हर कहीं दुकानों पर पहुंचने वाला प्रत्येक जन खाली रेपर, पेकिंग मटेरियल या अन्य कचरा फेकने के लिए डस्टबिन ढूढ़ता है जब उसे कहीं डस्टबिन नहीं मिलता तब वह यहां वहां कोने कतरे में कचरा डाल देता है। आप सभी दुकानदार अपने ग्राहकों को जागरूक करें कूड़ा डस्टबिन में ही डालने हेतु प्रेरित करें। दुकान पर आवश्यक रूप से ऐसे स्टिकर या प्रिंट चिपकायें जो की कूड़ा डस्टबिन में डालने का संदेश देते हों। प्रत्येक दुकानदार का यह नैतिक दायित्व है की अपनी दुकान प्रतिष्ठान या संस्थान में डस्टबिन ऐसी जगह रखें जहाँ वह हर आने-जाने वाले को आसानी से दिखे और उपयोग हेतु उपलब्ध हो। दुकानदार डस्टबिन में एकत्र कूड़ा डोर टू डोर कचरा कलेक्शन वाहनों में ही डालें। यदि आपकी दुकान से कचरा लेने हेतु डोर टू डोर कचरा वाहन न आता हो तो निगम प्रबंधन को सूचित करें और बेहतर कूड़ा प्रबंधन में अपना महत्वपूर्ण सहयोग दें। दुकानदारों के इस छोटे से सहयोग से कचरा सड़कों पर दिखना अपने आप समाप्त होगा। शहर पूरी तरह साफ स्वच्छ बनेगा और सागर स्वच्छ सर्वेक्षण में अव्वल बनेगा। विगत वर्ष सागर शहर ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए 73वे पायदान से ऊपर उठकर 10वीं राष्ट्रीय रैंकिंग हासिल की थी। इसी क्रम को जारी रखते हुए स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 में सागर को प्रथम स्थान हासिल कराने के लिए स्वच्छता व सुंदरता के लगातार वृहद प्रयास किये जा रहे हैं। नगर निगम प्रशासन द्वारा प्रतिस्पर्धा के सभी पहलुओं पर सजगता के साथ कार्य किये जा रहे हैं। ऐसे में अपने शहर को स्वच्छता में सिरमौर बनाने के लिए सभी रहवासियों की सकारात्मक सक्रीय सहभागिता अपेक्षित है। दुकानों का कचरा डस्टबिन में एकत्र कर डोर टू डोर कचरा कलेक्शन गाड़ियों में ही दें, सड़क किनारे या नालियों में न डालें। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में समझाइस देते हुए कहा की शहर में कहीं भी किसी भी प्रकार से कचरा या गंदगी फैलाकर स्वच्छता और सुंदरता को बाधित करने वालों के विरुद्ध सख्त से सख्त कार्यवाही की जावेगी।

उन्होंने सफाई व्यवस्था में लापरवाही बरतने वाले निगमकर्मियों पर कार्यवाही के निर्देश दिये साथ ही सड़क किनारे या नालों में पड़े कचरे से कचरा फेकने वालों की पहचान कराकर जुर्माने करायें। निगमायुक्त ने नवाचार कचरा खुद बोलेगा मैं किसका हूँ अभियान के तहत स्वयं खड़े होकर कचरे से फेकने वालों की पहचान कराई और उक्त लापरवाही बरतने वाले दुकान प्रतिष्ठान संचालकों पर एक-एक हजार रूपये का जुर्माना कर चालान कटवाया। कटरा तीन बत्ती पर आनी मेडिको तीनबत्ती, दीपचंद एंड संस मेडिकल कटरा, पारस फर्नीचर, साहूजी साईकिल सुभाष नगर सहित 5 दुकान संचालकों द्वारा कचरा सड़क और नाले में फेके जाने पर कचरे से पहचान की गई और कुल 5 हजार रूपये के जुर्माने किये गये। जुर्माने के साथ ही उक्त दुकान संचालकों से कचरा साफ कराया गया व आगे से इस प्रकार स्वच्छता के विरुद्ध व्यवहार न करने की हिदायत दी गई।
निगमायुक्त श्री खत्री ने कहा की आज का सागर स्वच्छता की दृष्टि से नवजागृति का सागर है। लोगों के स्वभाव में स्वच्छता को लेकर एक बड़ा बदलाव शहर में देखने मिल रहा है। आज हर कहीं दुकानों पर पहुंचने वाला प्रत्येक जन खाली रेपर, पेकिंग मटेरियल या अन्य कचरा फेकने के लिए डस्टबिन ढूढ़ता है जब उसे कहीं डस्टबिन नहीं मिलता तब वह यहां वहां कोने कतरे में कचरा डाल देता है। आप सभी दुकानदार अपने ग्राहकों को जागरूक करें कूड़ा डस्टबिन में ही डालने हेतु प्रेरित करें। दुकान पर आवश्यक रूप से ऐसे स्टिकर या प्रिंट चिपकायें जो की कूड़ा डस्टबिन में डालने का संदेश देते हों। प्रत्येक दुकानदार का यह नैतिक दायित्व है की अपनी दुकान प्रतिष्ठान या संस्थान में डस्टबिन ऐसी जगह रखें जहाँ वह हर आने-जाने वाले को आसानी से दिखे और उपयोग हेतु उपलब्ध हो। दुकानदार डस्टबिन में एकत्र कूड़ा डोर टू डोर कचरा कलेक्शन वाहनों में ही डालें। यदि आपकी दुकान से कचरा लेने हेतु डोर टू डोर कचरा वाहन न आता हो तो निगम प्रबंधन को सूचित करें और बेहतर कूड़ा प्रबंधन में अपना महत्वपूर्ण सहयोग दें। दुकानदारों के इस छोटे से सहयोग से कचरा सड़कों पर दिखना अपने आप समाप्त होगा। शहर पूरी तरह साफ स्वच्छ बनेगा और सागर स्वच्छ सर्वेक्षण में अव्वल बनेगा। विगत वर्ष सागर शहर ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए 73वे पायदान से ऊपर उठकर 10वीं राष्ट्रीय रैंकिंग हासिल की थी। इसी क्रम को जारी रखते हुए स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 में सागर को प्रथम स्थान हासिल कराने के लिए स्वच्छता व सुंदरता के लगातार वृहद प्रयास किये जा रहे हैं। नगर निगम प्रशासन द्वारा प्रतिस्पर्धा के सभी पहलुओं पर सजगता के साथ कार्य किये जा रहे हैं। ऐसे में अपने शहर को स्वच्छता में सिरमौर बनाने के लिए सभी रहवासियों की सकारात्मक सक्रीय सहभागिता अपेक्षित है। दुकानों का कचरा डस्टबिन में एकत्र कर डोर टू डोर कचरा कलेक्शन गाड़ियों में ही दें, सड़क किनारे या नालियों में न डालें। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में समझाइस देते हुए कहा की शहर में कहीं भी किसी भी प्रकार से कचरा या गंदगी फैलाकर स्वच्छता और सुंदरता को बाधित करने वालों के विरुद्ध सख्त से सख्त कार्यवाही की जावेगी।
