सागर ।( राहुल सिलाकारी ) क्षेत्रीय परिवहन विभाग द्वारा शुक्रवार को एक बड़ा निर्णय लेते हुए एक स्कूल बस का फिटनेस ना पाए जाने पर जुर्माना की जगह बस को ही स्क्रेप किये जाने का कड़ा निर्णय लिया है यह प्रदेश में सँभवतः पहला मामला होगा । आगे से इसमें 15 साल से अधिक पुरानी गाड़ियां भी आएंगी ।
उल्लेखनीय है कि दिल्ली सहित कई महानगरों में 15 वर्ष से पुरानी गाड़ियों को उठाकर स्क्रेप कर दिया जाता है, हालांकि अब इसकी अवधि बढ़ाकर 20 साल कर दी गई है । यहां सागर में क्षेत्रीय परिवहन विभाग कभी कभार स्कूली या अन्य वाहनों के फिटनेस की जांच की फार्मेलिटी की जाती है लेकिन विभाग ने फिटनेस जांच के लिए आई एक स्कूल बस के खिलाफ सबसे कड़ा निर्णय ले लिया, जो सँभवतः प्रदेश में पहला है ।

आरटीओ मनोज तेनगुरिया के अनुसार आज विभाग में ज़कूल बस क्रमांक MP 18 H 4697 भौतिक फिटनेस कराने आई तो पाया गया कि उक्त बस संचालन लायक नहीं है बस जर्जर स्थिति में थी और उसकी हेडलाइटें,इंडीकेटर,फर्श और इंजन में खराबी मिली । इसके चलते उक्त वाहन को संचालन योग्य नहीं होने पर पंजीयन निरस्त कर। बस को स्क्रेप करने के निर्देश दिए हैं । वाहन में कमियां मिलने पर जुर्माने की कार्यवाही तो चलती रहती है, लेकिन वहाँ को स्क्रेप किये जाने की सँभवतः प्रदेश में यह पहली कार्यवाही होगी ।
आरटीओ श्री तेहंगुरिया ने बताया कि यह कार्यवाही यात्री बसों में यात्रियों एवं ज़कूल बसों में विद्यार्थियों की सुरक्षा की दृष्टि से की जा रही है ।उनके अनुसार कोई भी अनफिट वाहन या 15 साल से अधिक पुराना वाहन संचालित पाया जा है तो उसके खिलाफ पंजीयन निरस्तीकरण और स्क्रेप करने की कार्यवाही की जाएगी ।
उल्लेखनीय है कि दिल्ली सहित कई महानगरों में 15 वर्ष से पुरानी गाड़ियों को उठाकर स्क्रेप कर दिया जाता है, हालांकि अब इसकी अवधि बढ़ाकर 20 साल कर दी गई है । यहां सागर में क्षेत्रीय परिवहन विभाग कभी कभार स्कूली या अन्य वाहनों के फिटनेस की जांच की फार्मेलिटी की जाती है लेकिन विभाग ने फिटनेस जांच के लिए आई एक स्कूल बस के खिलाफ सबसे कड़ा निर्णय ले लिया, जो सँभवतः प्रदेश में पहला है ।

आरटीओ मनोज तेनगुरिया के अनुसार आज विभाग में ज़कूल बस क्रमांक MP 18 H 4697 भौतिक फिटनेस कराने आई तो पाया गया कि उक्त बस संचालन लायक नहीं है बस जर्जर स्थिति में थी और उसकी हेडलाइटें,इंडीकेटर,फर्श और इंजन में खराबी मिली । इसके चलते उक्त वाहन को संचालन योग्य नहीं होने पर पंजीयन निरस्त कर। बस को स्क्रेप करने के निर्देश दिए हैं । वाहन में कमियां मिलने पर जुर्माने की कार्यवाही तो चलती रहती है, लेकिन वहाँ को स्क्रेप किये जाने की सँभवतः प्रदेश में यह पहली कार्यवाही होगी ।
आरटीओ श्री तेहंगुरिया ने बताया कि यह कार्यवाही यात्री बसों में यात्रियों एवं ज़कूल बसों में विद्यार्थियों की सुरक्षा की दृष्टि से की जा रही है ।उनके अनुसार कोई भी अनफिट वाहन या 15 साल से अधिक पुराना वाहन संचालित पाया जा है तो उसके खिलाफ पंजीयन निरस्तीकरण और स्क्रेप करने की कार्यवाही की जाएगी ।
