सागर । शहर की वरिष्ठ संस्कृतिकर्मी, संगीत और साहित्य के क्षेत्र में लगातार सक्रिय रहने वाली डॉ कविता शुक्ला को सांस्कृतिक क्षेत्र में एक साथ दो उपलब्धियां हासिल हुईं हैं । मिली जानकारी के अनुसार डॉ शुक्ला को भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय द्वारा प्रतिष्ठित फेलोशिप दी गई है तो वहीं उन्हें प्रसार भारती के तहत छतरपुर आकाशवाणी में स्वर चयन समिति में भी पुनः नामित किया गया है ।

उल्लेखनीय है कि डॉ कविता शुक्ला नगर की प्रतिष्ठित सांस्कृतिक संस्था श्रुतिमुद्रा की सचिव हैं जो पिछले तीन दशकों से संगीत,साहित्य, लोक संस्कृति एवं सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभा रहीं है । कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में उनके योगदान को देखते हुए संस्कृति मंत्रालय ने उन्हें फेलोशिप दी है । यह फेलोशिप शोध के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले चुनिंदा विद्वानों को दी जाती है । इसके साथ ही डॉ शुक्ला को छतरपुर आकाशवाणी के उप महानिदेशक द्वारा संगीत स्वर परीक्षण के लिए निर्णायक मंडल में शामिल किया गया है आकाशवाणी के प्रसार निष्पादक रविन्द्र कुमार ने उन्हें चयन पत्र सौंपा और इस चयन से बुंदेलखंड के संगीत कलाकारों को नई दिशा और प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद जताई है ।डॉ शुक्ला की इन उपलब्धियों पर शहर के संगीत, साहित्य और संस्कृति जगत से जुड़े लोगों ने उन्हें बधाई प्रेषित की है ।

उल्लेखनीय है कि डॉ कविता शुक्ला नगर की प्रतिष्ठित सांस्कृतिक संस्था श्रुतिमुद्रा की सचिव हैं जो पिछले तीन दशकों से संगीत,साहित्य, लोक संस्कृति एवं सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभा रहीं है । कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में उनके योगदान को देखते हुए संस्कृति मंत्रालय ने उन्हें फेलोशिप दी है । यह फेलोशिप शोध के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले चुनिंदा विद्वानों को दी जाती है । इसके साथ ही डॉ शुक्ला को छतरपुर आकाशवाणी के उप महानिदेशक द्वारा संगीत स्वर परीक्षण के लिए निर्णायक मंडल में शामिल किया गया है आकाशवाणी के प्रसार निष्पादक रविन्द्र कुमार ने उन्हें चयन पत्र सौंपा और इस चयन से बुंदेलखंड के संगीत कलाकारों को नई दिशा और प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद जताई है ।डॉ शुक्ला की इन उपलब्धियों पर शहर के संगीत, साहित्य और संस्कृति जगत से जुड़े लोगों ने उन्हें बधाई प्रेषित की है ।
