सागर ।गौमाता के प्रति सेवा, करुणा और संवेदना का संदेश लेकर श्री रावतपुरा सरकार महाराज श्री शनिवार को सागर के सदर में ‘एक रोटी गौमाता के लिए’ अभियान के अंतर्गत घर-घर पहुँचे। पूज्य महाराज श्री ने स्वयं हाथों में झोली लेकर लोगों से बेसहारा गौमाताओं के लिए एक रोटी का सहयोग माँगा।

इस दौरान महाराज श्री का सहज, सरल और सेवा से ओत-प्रोत स्वरूप लोगों के मन को गहराई से छू गया। अपने गुरु को स्वयं घर के द्वार पर गौमाता के लिए रोटी माँगते देखकर अनेक श्रद्धालु भावुक हो उठे और प्रेम एवं श्रद्धा के साथ इस अभियान में सहभागी बने।
‘एक रोटी गौमाता के लिए’ केवल रोटी संग्रह करने का अभियान नहीं, बल्कि हर घर की रसोई को गौसेवा से जोड़ने का एक भावपूर्ण संकल्प है। अभियान के माध्यम से घरों से एकत्र की गई रोटियों को बेसहारा, भूखी और जरूरतमंद गौमाताओं तक पहुँचाया जाता है। महाराज श्री का यह अभियान समाज से एक छोटी-सी अपील करता है—जब भी घर में रोटी बने, उसमें से एक रोटी उस गौमाता के नाम निकाल दें, जो किसी घर की नहीं है। यही एक रोटी किसी बेसहारा गौमाता की भूख मिटाने का माध्यम बन सकती है। महाराज श्री का मानना है कि गौसेवा केवल गौशालाओं तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि यह हर घर और हर परिवार के जीवन का संस्कार बने। इसी उद्देश्य के साथ ‘एक रोटी गौमाता के लिए’ अभियान वर्षभर निरंतर संचालित किया जा रहा है, ताकि समाज की सहभागिता से बेसहारा गौमाताओं तक नियमित रूप से भोजन पहुँचाया जा सके।

इस दौरान महाराज श्री का सहज, सरल और सेवा से ओत-प्रोत स्वरूप लोगों के मन को गहराई से छू गया। अपने गुरु को स्वयं घर के द्वार पर गौमाता के लिए रोटी माँगते देखकर अनेक श्रद्धालु भावुक हो उठे और प्रेम एवं श्रद्धा के साथ इस अभियान में सहभागी बने।
‘एक रोटी गौमाता के लिए’ केवल रोटी संग्रह करने का अभियान नहीं, बल्कि हर घर की रसोई को गौसेवा से जोड़ने का एक भावपूर्ण संकल्प है। अभियान के माध्यम से घरों से एकत्र की गई रोटियों को बेसहारा, भूखी और जरूरतमंद गौमाताओं तक पहुँचाया जाता है। महाराज श्री का यह अभियान समाज से एक छोटी-सी अपील करता है—जब भी घर में रोटी बने, उसमें से एक रोटी उस गौमाता के नाम निकाल दें, जो किसी घर की नहीं है। यही एक रोटी किसी बेसहारा गौमाता की भूख मिटाने का माध्यम बन सकती है। महाराज श्री का मानना है कि गौसेवा केवल गौशालाओं तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि यह हर घर और हर परिवार के जीवन का संस्कार बने। इसी उद्देश्य के साथ ‘एक रोटी गौमाता के लिए’ अभियान वर्षभर निरंतर संचालित किया जा रहा है, ताकि समाज की सहभागिता से बेसहारा गौमाताओं तक नियमित रूप से भोजन पहुँचाया जा सके।
