सागर । शहर के चौराहों पर लगी विशिष्ट व्यक्तियों की मूर्तियों को अब यातायात की सुविधा की दृष्टि से परिवर्तित करने की शुरुवात संभवत: जल्द हो सकेगी. पिछले दिनों निगम के साधारण सम्मेलन में इसे लेकर अध्यक्ष वृंदावन अहिरवार ने भगवानगंज स्थित अंबेडकर मूर्ति को अपने स्थान से 10 फीट आगे करने का प्रस्ताव दिया है.

उल्लेखनीय है कि शहर के विभिन्न चौराहों पर डॉक्टर गौर, भीमराव अंबेडकर सहित अन्य महापुरुषों की प्रतिमाएं वर्षों से स्थापित हैं. लेकिन अब इनके आसपास की रोटरी के कारण संबंधित क्षेत्र की सडक़ों पर यातायात अव्यवस्थित होता है. पिछले माह ही भगवानगंज स्थित अंबेडकर मूर्ति से वहां से निकलने वाले एक हैवी व्हीकल वाहन भी टकरा गया था. इसी को देखते हुए पिछले दिनों हुए निगम के साधारण सम्मेलन में अन्य विषयों के रुप में अध्यक्ष श्री अहिरवार ने यह प्रस्ताव रखा कि भगवानगंज स्थित अंबेडकर मूर्ति को 10 फीट आगे ले जाया जाए जिससे न सिर्फ मूर्ति की सुरक्षा बनी रहेगी तो साथ ही उक्त मार्ग जिस पर की सर्वाधिक हैवी व्हीकल वाहन भोपाल और झांसी की ओर निकलते के लिए भी पर्याप्त जगह मिल जायेगी और इस मार्ग का यातायात व्यवस्थित हो सकेगी.
हालांकि इसके लिए उन्होने संबंधित क्षेत्र के पार्षदों सहित अनुसूचित जाति वर्ग के माते मुखियों की अनुमति लेने की शर्त भी जोड़ी थी.
इस मामले में निगम अध्यक्ष वृंदावन अहिरवार का कहना है कि कई बार अंबेडकर मूर्ति से वाहन टकराकर इसे क्षतिग्रस्त कर चुके हैं. उक्त मार्ग पर यातायात भी काफी ज्यादा है. जिसके चलते ही यह बात आयी कि मूर्ति को आगे किया जाए ताकि न सिर्फ मूर्ति की सुरक्षा बनी रहे बल्कि उक्त व्यस्ततम मार्ग पर यातायात भी सुचारु रुप से चलता रहे ताकि लोगों को कोई परेशानी न हो. हालांकि इस मामले में अजा वर्ग और आसपास के क्षेत्र के लोगों की सर्वानुमति सबसे ज्यादा जरुरी है. इसीलिए बैठक में इसको भी रखा गया है. वहीं दूसरी ओर इस मामले में अहिरवार महा पंचायत के जिलाध्यक्ष अनिल अहिरवार का कहना है कि बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर की मूर्ति को आगे करने के लिए निगम की ओर से अहिरवार पंचायत सहित अन्य संगठनों से अनुमति के लिए पूछा गया है. श्री अहिरवार का कहना है कि यह एक ठीक कदम होगा जिसके लिए अहिरवार महापंचायत अपने सभी पदाधिकारियों के साथ बैठक कर इस पर सहमति जतायेगी. उल्लेखनीय है कि पूर्व में भी कई बार यह मसला सामने आ चुका है. लेकिन अब तक सहमति न बनने के कारण यह निर्णय पर नहीं पहुंच सका.

उल्लेखनीय है कि शहर के विभिन्न चौराहों पर डॉक्टर गौर, भीमराव अंबेडकर सहित अन्य महापुरुषों की प्रतिमाएं वर्षों से स्थापित हैं. लेकिन अब इनके आसपास की रोटरी के कारण संबंधित क्षेत्र की सडक़ों पर यातायात अव्यवस्थित होता है. पिछले माह ही भगवानगंज स्थित अंबेडकर मूर्ति से वहां से निकलने वाले एक हैवी व्हीकल वाहन भी टकरा गया था. इसी को देखते हुए पिछले दिनों हुए निगम के साधारण सम्मेलन में अन्य विषयों के रुप में अध्यक्ष श्री अहिरवार ने यह प्रस्ताव रखा कि भगवानगंज स्थित अंबेडकर मूर्ति को 10 फीट आगे ले जाया जाए जिससे न सिर्फ मूर्ति की सुरक्षा बनी रहेगी तो साथ ही उक्त मार्ग जिस पर की सर्वाधिक हैवी व्हीकल वाहन भोपाल और झांसी की ओर निकलते के लिए भी पर्याप्त जगह मिल जायेगी और इस मार्ग का यातायात व्यवस्थित हो सकेगी.
हालांकि इसके लिए उन्होने संबंधित क्षेत्र के पार्षदों सहित अनुसूचित जाति वर्ग के माते मुखियों की अनुमति लेने की शर्त भी जोड़ी थी.
इस मामले में निगम अध्यक्ष वृंदावन अहिरवार का कहना है कि कई बार अंबेडकर मूर्ति से वाहन टकराकर इसे क्षतिग्रस्त कर चुके हैं. उक्त मार्ग पर यातायात भी काफी ज्यादा है. जिसके चलते ही यह बात आयी कि मूर्ति को आगे किया जाए ताकि न सिर्फ मूर्ति की सुरक्षा बनी रहे बल्कि उक्त व्यस्ततम मार्ग पर यातायात भी सुचारु रुप से चलता रहे ताकि लोगों को कोई परेशानी न हो. हालांकि इस मामले में अजा वर्ग और आसपास के क्षेत्र के लोगों की सर्वानुमति सबसे ज्यादा जरुरी है. इसीलिए बैठक में इसको भी रखा गया है. वहीं दूसरी ओर इस मामले में अहिरवार महा पंचायत के जिलाध्यक्ष अनिल अहिरवार का कहना है कि बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर की मूर्ति को आगे करने के लिए निगम की ओर से अहिरवार पंचायत सहित अन्य संगठनों से अनुमति के लिए पूछा गया है. श्री अहिरवार का कहना है कि यह एक ठीक कदम होगा जिसके लिए अहिरवार महापंचायत अपने सभी पदाधिकारियों के साथ बैठक कर इस पर सहमति जतायेगी. उल्लेखनीय है कि पूर्व में भी कई बार यह मसला सामने आ चुका है. लेकिन अब तक सहमति न बनने के कारण यह निर्णय पर नहीं पहुंच सका.
