सागर । कार्तिक माह में व्रत धारण करने वाली माताओं के व्रत समापन होने के उपरांत बुधवार को बाघराज मंदिर प्रांगण में कार्तिक महिला मिलन एवं स्नेहभोज का आयोजन किया, जिसमें सागर विधानसभा के साथ मकरोनिया क्षेत्र की भी माताएं सम्मिलित हुई। इस अवसर पर भजन संगीत की मनमोहक प्रस्तुती का भी आयोजन किया गया। सभी मताओं-बहिनों ने भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति में मग्न होकर भजन कीर्तन किया।

श्रीमति अनुश्री जैन ने संबोधित करते हुये कहा कि, कार्तिक के पवित्र माह में यह महिलायें एक माह तक स्नान वृत करती है, यह एक प्रकार की तपस्या है, जिससे हमारे मन में आस्था, विश्वास एवं श्रद्धा बढ़ती है। कार्तिक माह के अवसर पर इन महिलाओं के साथ मैं भी घाट-घाट जाकर पूजन करती हूँ और इनके के वृत समापन अवसर पर प्रतिवर्ष कार्तिक महिला मिलन समारोह आयोजित किया जाता है, जिसमें सभी मातृशक्तियाँ भोजन कर अपने वृत का समापन करती है। यह मिलन समारोह एक आनंद उत्सव की अनुभूति देता है, श्रीकृष्ण जी की भक्ति करने वाली सैकड़ों महिलायें यहाँ एकत्रित होकर गीत संगीत एवं नृत्य के साथ श्रीकृष्ण भक्ति में लीन होती है, यह भक्तिमय वातावरण हमें अपने धर्म के प्रति और अधिक आकर्षित करता है। आप सभी मातायें बहिनें बड़ी संख्या में इस कार्यक्रम में उपस्थित हुई।
विधायक शैलेन्द्र कुमार जैन ने कहा कि, कार्तिक मास में तुलसी पूजन का विशेष महत्व है और मातायें-बहिनें भगवान श्रीकृष्ण की खोज में ऐसे सभी स्थानों पर रमण करती हैं, जहां पर उनके पाए जाने की संभावना होती है। इस प्राचीन मान्यता को आज भी हमारी धार्मिक भावनाएं जुड़ी हैं और बड़ी संख्या में महिलाएं कार्तिक का वृत करती हैं। प्रतिवर्ष कार्तिक माह की समाप्ति के बाद मेरी धर्मपत्नि के द्वारा कार्तिक महिला मिलन समारोह का आयोजन आयोजित किया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में मातृशक्ति हर्षोउल्लास के साथ उपस्थित होती है। उन्होंने कहा कि प्रतिवर्ष की तरह आज आप सभी मातृशक्तियों को एक साथ देखकर मैं अपनी प्रसन्नता को व्यक्त नहीं कर सकता। विधायक श्री शैलेन्द्र कुमार जैन ने अपनी अर्धांगिनी श्रीमति अनुश्री जैन के साथ मातृशक्तियों को भोजन प्रसादी परोसकर पुण्य लाभ अर्जित किया एवं मातृशक्तियों के साथ भोजन प्रसादी भी ग्रहण की।

श्रीमति अनुश्री जैन ने संबोधित करते हुये कहा कि, कार्तिक के पवित्र माह में यह महिलायें एक माह तक स्नान वृत करती है, यह एक प्रकार की तपस्या है, जिससे हमारे मन में आस्था, विश्वास एवं श्रद्धा बढ़ती है। कार्तिक माह के अवसर पर इन महिलाओं के साथ मैं भी घाट-घाट जाकर पूजन करती हूँ और इनके के वृत समापन अवसर पर प्रतिवर्ष कार्तिक महिला मिलन समारोह आयोजित किया जाता है, जिसमें सभी मातृशक्तियाँ भोजन कर अपने वृत का समापन करती है। यह मिलन समारोह एक आनंद उत्सव की अनुभूति देता है, श्रीकृष्ण जी की भक्ति करने वाली सैकड़ों महिलायें यहाँ एकत्रित होकर गीत संगीत एवं नृत्य के साथ श्रीकृष्ण भक्ति में लीन होती है, यह भक्तिमय वातावरण हमें अपने धर्म के प्रति और अधिक आकर्षित करता है। आप सभी मातायें बहिनें बड़ी संख्या में इस कार्यक्रम में उपस्थित हुई।
विधायक शैलेन्द्र कुमार जैन ने कहा कि, कार्तिक मास में तुलसी पूजन का विशेष महत्व है और मातायें-बहिनें भगवान श्रीकृष्ण की खोज में ऐसे सभी स्थानों पर रमण करती हैं, जहां पर उनके पाए जाने की संभावना होती है। इस प्राचीन मान्यता को आज भी हमारी धार्मिक भावनाएं जुड़ी हैं और बड़ी संख्या में महिलाएं कार्तिक का वृत करती हैं। प्रतिवर्ष कार्तिक माह की समाप्ति के बाद मेरी धर्मपत्नि के द्वारा कार्तिक महिला मिलन समारोह का आयोजन आयोजित किया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में मातृशक्ति हर्षोउल्लास के साथ उपस्थित होती है। उन्होंने कहा कि प्रतिवर्ष की तरह आज आप सभी मातृशक्तियों को एक साथ देखकर मैं अपनी प्रसन्नता को व्यक्त नहीं कर सकता। विधायक श्री शैलेन्द्र कुमार जैन ने अपनी अर्धांगिनी श्रीमति अनुश्री जैन के साथ मातृशक्तियों को भोजन प्रसादी परोसकर पुण्य लाभ अर्जित किया एवं मातृशक्तियों के साथ भोजन प्रसादी भी ग्रहण की।
